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ट्रैक्टर का HP नहीं PTO HP देखकर ट्रैक्टर लेंगे तो होगा लाखों का फ़ायदा!

    ट्रैक्टर का HP नहीं PTO HP देखकर ट्रैक्टर लेंगे तो होगा लाखों का फ़ायदा!

ट्रैक्टर का HP नहीं PTO HP देखकर ट्रैक्टर लेंगे तो होगा लाखों का फ़ायदा!

आज के दौर में ट्रैक्टर तो हर एक किसान को चाहिए ही होता है। हर किसान अपने लिए अपनी जरूरतों के अनुसार एक बेहतर ट्रैक्टर ही चाहता है, पर समस्या तब आती है जब उन्हें ट्रैक्टर से जुड़ी तकनीकी विशिष्टताओं की जानकारी नहीं होती और वे गलत ट्रैक्टर खरीद लेते है। आज हम किसान भाइयों को ऐसी जानकारी उपलब्ध करा रहे है जिससे वो इसी तरह की एक बड़ी गलती करने से बच सकते हैं। किसान ट्रैक्टर खरीदते वक्त केवल ट्रैक्टर के एचपी पर ही गौर करते है और इसे ही सबसे महत्वपूर्ण विशिष्टता समझते है पर उनके लिए ज़रूरी है कि वो ट्रैक्टर के एचपी के साथ पीटीओ एचपी पर भी ध्यान दें।

 

पीटीओ एचपी क्यों है जरूरी?

किसान मुख्यत ट्रैक्टर अपने कृषि संबंधी कार्यों को आसान बनाने के लिए लेते है जिसकी सहायता से वे अलग अलग तरह के कृषि उपकरणों का उपयोग करते है। ज्यादातर कृषि उपकरण ट्रैक्टर के पीटीओ से जोड़ कर ही चलाए जाते है और पीटीओ से जितनी ताक़त मिलती है उतनी ही ताक़त का उपयोग कृषि उपकरणों चलाने में होता है, इसलिए पीटीओ पॉवर की भूमिका अहम बन जाती है।

 

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अब ट्रैक्टर एचपी और पीटीओ एचपी क्या हैं, ये समझिए।

दरअसल ट्रैक्टर के इंजन द्वारा उत्पन्न की गई पूरी ताकत उसके अलग-अलग पार्ट्स में बंट जाती है, जैसे पावर रेडिएटर फैन चलाने में, अल्टरनेटर चलाने में, गियर बॉक्स चलाने आदि में और इन सभी जगह इस्तेमाल होने के बाद जो भी इंजन पावर बचती है, वही उपयोगी पावर होती है। आपको पीटीओ हॉर्सपावर (PTO Horsepower) और ड्रॉबार हॉर्सपावर के रूप में ही यह उपयोगी पावर मिलती है। इसका अर्थ है ट्रैक्टर एचपी और पीटीओ एचपी अलग अलग होते है और एक ही एचपी वाले दो ट्रैक्टर मॉडलों की पीटीओ पॉवर अलग अलग हो सकती है। अगर आप फैसला कर चुके है कि आपको कितनी एचपी का ट्रैक्टर खरीदना है तो उस एचपी श्रेणी में मौजूद सभी विकल्पों से बेहतर वह है जिसमें आपको सबसे ज्यादा पीटीओ पॉवर मिल रही है।

भारत सरकार के नियानुसार ट्रैक्टर की पीटीओ हॉर्सपावर (PTO Horsepower) ट्रैक्टर दी जानी चाहिए है, सभी ट्रैक्टर निर्माता कंपनियां ट्रैक्टर पर एक प्लेट लगा के देती हैं जिस पर इंजन नंबर, चेसिस नंबर, ट्रैक्टर बनने की तारीख और अन्य सम्बंधित विवरण दिए गए होते हैं, उसी प्लेट पर उस ट्रैक्टर की PTO पावर भी kW या HP में दी गई होती है। आप भी जागरूक बनें और अपने लिए चुनते वक्त ट्रैक्टर विवरण में पीटीओ पॉवर पर जरूर ध्यान दें।

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Customer Reviews

Sir hi pto pawear

By Pravin  07-09-2020

Pto ke liye konsa tractor behtar he

By Krishna  09-08-2020

Kis tractor de pto 50hp ma sab to pawar ful ha

By Kulwant singh  07-08-2020
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